Tuesday, March 24, 2026

😊 जो मिल गया उसमें *खुश* रहो, जो नहीं *मिला* उसे *भूल* जाओ, यही *सुकून* का *राज* है 🔑

 😊 जो मिल गया उसमें *खुश* रहो,

जो नहीं *मिला* उसे *भूल* जाओ,

यही *सुकून* का *राज* है 🔑

Thursday, March 19, 2026

आप योग करे या ना करें, मगर जरूरत पड़ने पर सहयोग जरूर करें

 आप योग करे या ना करें,


मगर जरूरत पड़ने पर सहयोग जरूर करें

❝जहाँ हमारा स्वार्थ समाप्त होता हे, वही से हमारी इंसानियत आरम्भ होती है।❜❜

 ❝जहाँ हमारा स्वार्थ समाप्त होता हे, 


वही से हमारी इंसानियत आरम्भ होती है।❜❜

हालात चाहे जैसे भी हो डटे रहो क्योकि सही समय आने पर खट्टी केरी भी मीठे आम में बदल जाती है ।

 हालात चाहे जैसे भी हो डटे रहो


क्योकि सही समय आने पर खट्टी केरी भी मीठे आम में बदल जाती है ।

जिंदगी में *हजारों* लोग *आवाज़* देंगे…! 🗣️ *मगर* वहीं बैठना *जहाँ* *बैठकर* अपनापन का *एहसास* हो…!! 🤍🌿 🌼✨ *Good Morning* ✨🌼

 जिंदगी में *हजारों* लोग *आवाज़* देंगे…! 🗣️

*मगर* वहीं बैठना *जहाँ* *बैठकर* अपनापन का *एहसास* हो…!! 🤍🌿


🌼✨ *Good Morning* ✨🌼

💔 *मोहब्बत* हमने सच्चे दिल से की थी, पर शायद *किस्मत* को मंज़ूर नहीं था। जिसे अपनी दुनिया समझा, वो ही *हमारा* नहीं था। अब बस *यादों* का सहारा है, और दिल में एक खामोशी… जो हर रात उसका *नाम* लेती है।


 
 वाह रे *जिंदगी*! 😔✨

*भरोसा* तेरा एक *पल* का *नही*, 🤲💔
और *नखरे* तेरे, 😒🔥
*मौत* से भी *ज्यादा*। ☠️💯


 *काम* करते *वालों* की 💪🔥
कदर *करो* 🙏✨
*कान* भरने वालों की *नहीं* 😒


परखा *बहुत* गया *मुझे*… 😔💔
*लेकिन* समझा *नहीं* गया… 🤐🥀

 *गलतफ़हमियों* के *सिलसिले* आज इतने *दिलचस्प* हैं.. 😌💭
कि *हर ईंट* सोचती है 🧱
*दीवार* मुझपे *टिकी* है.. 🏠💯

*साँपों* के *मुकद्दर* में वो *ज़हर* कहाँ… 🐍
जो इंसान *आजकल* 😶
*सिर्फ* अपनी *बातों* से ही *उगल* देता है…!!! 🗣️💔

*मेरा* यही *अंदाज़* इस जमाने को *खलता* है 😌🔥
कि इतनी *ठोकरों* के बाद *भी* 🚶‍♂️💔
ये *सीधा* कैसे *चलता* है..!! 💯✨

Tuesday, March 3, 2026

आईने में खड़ा वो शख्स, आज तुझसे तेरा हिसाब मांगता है, तूने जो कत्ल किए अपने ख्वाबों के, उनका जवाब मांगता है। कब तक बहाने बनाएगा दुनिया के सामने तू? तेरा वजूद आज तुझसे ही अपनी पहचान मांगता है।

 आईने में खड़ा वो शख्स, 

आज तुझसे तेरा हिसाब मांगता है,


तूने जो कत्ल किए अपने ख्वाबों के, 

उनका जवाब मांगता है।


कब तक बहाने बनाएगा दुनिया के सामने तू?

तेरा वजूद आज तुझसे ही अपनी पहचान मांगता है।