Dainik Jagran - दैनिक जागरण की इस वीडियो रिपोर्ट के अनुसार, केंद्र सरकार ने डीजल और विमान ईंधन (ATF) के निर्यात (Export) पर लगने वाले टैक्स (विंडफॉल टैक्स) में बढ़ोतरी की है। आपके मुख्य सवाल "क्या पेट्रोल-डीजल महंगा होगा?" का सीधा जवाब है—नहीं, घरेलू बाजार में आम जनता के लिए पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं होगा। 01:31 Opens in a new window इस फैसले से जुड़ी मुख्य बातें और इसके पीछे की वजह नीचे दी गई हैं: 💰 टैक्स में क्या बदलाव हुआ है? डीजल पर टैक्स: डीजल के निर्यात पर टैक्स ₹13.5 प्रति लीटर से बढ़ाकर ₹14 प्रति लीटर कर दिया गया है। 01:06 Opens in a new window ATF (विमान ईंधन) पर टैक्स: एटीएफ के निर्यात पर टैक्स ₹9.5 प्रति लीटर से बढ़ाकर ₹12.5 प्रति लीटर कर दिया गया है। 01:15 Opens in a new window पेट्रोल पर टैक्स: पेट्रोल के निर्यात शुल्क में कोई बदलाव नहीं किया गया है, यह पहले की तरह ₹1.5 प्रति लीटर ही रहेगा। 01:23 Opens in a new window ❓ सरकार ने यह फैसला क्यों लिया? घरेलू उपलब्धता सुनिश्चित करना: पश्चिम एशिया (Middle East) में चल रहे तनाव और वैश्विक तेल बाजार में अनिश्चितता को देखते हुए सरकार देश के भीतर ईंधन की पर्याप्त सप्लाई बनाए रखना चाहती है। 01:45 Opens in a new window ज्यादा मुनाफे पर रोक: सरकार का उद्देश्य यह है कि तेल कंपनियां भारतीय बाजार की जरूरतों को नजरअंदाज करके, ज्यादा मुनाफे के चक्कर में भारी मात्रा में ईंधन विदेशों में न बेच दें। निर्यात पर टैक्स बढ़ने से विदेशों में तेल बेचना कंपनियों के लिए कम आकर्षक हो जाएगा और देश में तेल की कमी नहीं होगी। 01:59 Opens in a new window ऊर्जा सुरक्षा (Energy Security): सरकार भविष्य में होने वाली किसी भी संभावित कमी या कीमतों में अचानक आने वाले उछाल से देश को सुरक्षित रखना चाहती है। 02:33 Opens in a new window 👤 आम जनता पर क्या असर होगा? यह टैक्स केवल विदेशों में निर्यात किए जाने वाले ईंधन पर बढ़ाया गया है। देश के अंदर पेट्रोल पंपों पर बिकने वाले पेट्रोल और डीजल की मौजूदा कीमतों या घरेलू टैक्स में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसलिए आम उपभोक्ताओं की जेब पर इसका कोई सीधा असर नहीं पड़ेगा